
Hayam रोग से बचाने के लिए ऊंटों को खिलाया जाता है सांप, रेगिस्तान की अजीब सी कहानी जानिये
सोचिए कोई आपकों कहे की रेगिस्तान का जहाज़ के नाम पुकारे जाने वाला पशु सांप खाता है तो आपको कैसे लगेगा। रिगिस्तान का जहाज़ जिसे हम ऊट के नाम से भी जानते हैं । उसके बारे में एक अजीब सी बात आज आपको बताने वाले हैं।
सांप को धरती पर सबसे जहरीले जानवरों में से एक माना जाता है. इनके बारे में आपको ये जानकारी हैरान कर देने वाली है. जिंदा सांपों को ऊंटों को उनके भोजन के रूप में खिलाया जाता है. इसकी एक खास वजह है. दरअसल सांपों की प्रजातियों में कई ऐसे सांप हैं जिनके जहर से बड़ी-बड़ी बीमारियां चुटकियों में ठीक हो जाती हैं. लेकिन इसे ठीक करने का तरीका बेहद अद्भुत और रोंगटे खड़े कर देने वाला है. इन सांपों को राजस्थान के जहाज यानी ऊंटों के मुंह में जिंदा डाल दिया जाता है ताकि उन्हें एक जानलेवा बीमारी से बचाया जा सके
हयाम नामक इस बीमारी से जब ऊंट प्रभावित होते हैं तो वो खाना-पीना बंद कर देते हैं. उनका शरीर अकड़ने लगता है. इसके अलावा कई तरह के लक्षण जैसे सुस्ती, सूजन, बुखार और एनीमिया पैदा हो जाते हैं. कई बार यह बीमारी जानलेवा साबित हो जाती है . ऐसे में अरब देशों या मध्य पूर्व में ऐसा माना जाता है कि अगर ऊंट के साथ ऐसा हो रहा है तो उसे जहरीला सांप खिलाना चाहिए. इनके अनुसार यह इस बीमारी का एकमात्र इलाज है
ऐसे में ऊंट का मुंह खोलकर उसके अंदर सांप डाल दिया जाता है. इसके बाद पानी डाला जाता है ताकि सांप पेट के अंदर चला जाए. इससे सांप का जहर ऊंट के शरीर में फैल जाता है. जब असर कम होने लगता है तो ऊंट भी ठीक होने लगता है. कुछ ही दिनों में ऊंट पूरी तरह ठीक भी हो जाता है.
पशु चिकित्सक आज तक इस बीमारी के बारे में कुछ भी समझ नहीं पाए हैं क्योंकि वे इस रहस्यमयी बीमारी के बारे में ज़्यादा जानकारी नहीं जुटा पाए है. पशु चिकित्सकों के अनुसार इस तरह से जिस बीमारी का इलाज किया जाता है वह कीड़ों के काटने से होती है. हालांकि, ऊंटों को सांप खिलाकर ठीक किए जाने को पशु चिकित्सक भी परंपरा से ज़्यादा कुछ नहीं मानते हैं.